सरकार विकसित भारत की दिशा में मजबूत कदम उठाना जारी रखेगी : वित्त मंत्री
नईदिल्ली ।
निर्मला सीतारमण ने बजट भाषण की शुरुआत करते हुए कहा, माघ पूर्णिमा और गुरु रविदास की जयंती के अवसर पर मैं यह बजट पेश कर रही हूं। बीते 12 साल के दौरान अनिश्चितताओं के बावजूद हमने स्थिर अर्थव्यवस्था को बनाए रखा है। हमने दूरगामी ढांचागत सुधार किए हैं। आत्मनिर्भरता को प्रमुख उद्देश्य बनाए रखा है। आयात पर निर्भरता को घटाया है। हमने सुनिश्चित किया है कि नागरिकों को इसका लाभ मिले, कृषि उत्पादकता बढ़े और परिवारों की क्रय शक्ति बढ़े। इन उपायों की वजहों से सात फीसदी की विकास दर हासिल हुई है। इससे गरीबी उन्मूलन और लोगों के जीवन में सुधार हासिल हो सका है।वित्त मंत्री ने कहा- हम ऐसी बाहरी परिस्थिति का सामना कर रहे हैं जहां व्यापार और बहुपक्षवाद खतरे में है। नई प्रौद्योगिकी उत्पादन प्रणालियों को बदल रही है। भारत विकसित भारत की ओर विश्वास से भरे कदम उठाता रहेगा। भारत को वैश्विक बाजारों से एकीकृत होकर अधिक से अधिक निर्यात करना होगा। विश्व की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में लोगों का साथ खड़े रहने के लिए आभार। हमारा लक्ष्य विकास का लाभ सभी वंचित वर्गों और महिलाओं तक सुनिश्चित करना है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने बजट भाषण में कहा- सरकार विकसित भारत की दिशा में मजबूत कदम उठाना जारी रखेगा। भारत वैश्विक बाजार के साथ गहनता से जुड़ा रहेगा। मैं पार्ट-ए की शुरुआत करते हुए इस देश के नागरिकों का आभार प्रकट करना चाहूंगा, जिन्होंने इस देश को दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में से एक बनाया है। हमने सुनिश्चित किया है कि किसानों, अनुसूचित जाति-जनजाति के लोगों, युवाओं, महिलाओं, गरीबों को लाभ मिलता रहे। यह युवा शक्ति से प्रेरित बजट है। हमारी सरकार का संकल्प गरीब, हाशिए पर पड़े लोगों पर ध्यान देना है। कर्तव्य भवन में यह बजट बना है। पहला कर्तव्य है- आर्थिक विकास को सतत तरीके से बढ़ाना। दूसरा कर्तव्य है- जनआकांक्षाओं को पूरा करना। तीसरा कर्तव्य है- सबका साथ, सबका विकास। यह सुनिश्चित करना कि सभी को संसाधनों, सुविधाओं और अवसरों तक समान रूप से पहुंच मिले।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने बजट भाषण में बताया कि स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार के लिए क्या घोषणाएं की गई। इसमें- शिक्षा से रोजगार और उद्यम पर फोकस किया जाएगा। विकसित भारत का कोर ड्राइवर सेवा क्षेत्र रहेगा। दक्षता आधारित रोजगार पर ध्यान दिया जाएगा। स्वास्थ्य पेशेवर बनाने वाले संस्थानों को अपग्रेड किया जाएगा। रेडियोलॉजी, एनेस्थीशिया जैसे क्षेत्रों पर ध्यान दिया जाएगा।
बायोलॉजिक दवाएं हैं जरूरी सीतारमण ने घोषणा की, बायोफार्मा शक्ति, जिसका मतलब है ज्ञान, टेक्नोलॉजी और इनोवेशन के जरिए हेल्थ एडवांसमेंट के लिए बायोफार्मा रणनीति। भारत में डिजिटल बीमारियों का बोझ अब डायबिटीज, कैंसर और ऑटोइम्यून डिसऑर्डर जैसी गैर-संक्रामक बीमारियों की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने कहा, बायोलॉजिक दवाएं किफायती कीमतों पर लंबी उम्र और बेहतर जीवन के लिए जरूरी हैं। भारत को ग्लोबल बायोफार्मा मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में विकसित करने के लिए, मैंने अगले पांच सालों में 10,000 करोड़ रुपये के खर्च के साथ बायोफार्मा शक्ति का प्रस्ताव दिया है। इससे इकोसिस्टम बनेगा। बायोलॉजिक्स और बायोसिमिलर के घरेलू उत्पादन के लिए, इस रणनीति में तीन नए नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मास्युटिकल एजुकेशन एंड रिसर्च, जिन्हें हृढ्ढक्कश्वक्रह्य के नाम से जाना जाता है, और सात मौजूदा संस्थानों को अपग्रेड करके एक बायोफार्मा-केंद्रित नेटवर्क शामिल होगा।मेडिकल टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए पांच क्षेत्रीय मेडिकल हब बनाए जाएंगे। इसमें निजी क्षेत्र की सहभागिता रहेगी। हेल्थकेयर कॉम्प्लेक्स बनेंगे। इनमें आयुष केंद्र होंगे। डायग्नोस्टिक, पोस्टर केयर और रीहैब के केंद्र रहेंगे। इससे स्वास्थ्य पेशेवरों के लिए रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। दुनियाभर में सम्मान हासिल कर चुकी प्राचीन योग पद्धति और आयुर्वेद पर जोर दिया जाएगा। तीन नए अखिल भारतीय आयुर्वेदिक संस्थान बनाए जाएंगे।वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट भाषण के दौरान एलान किया कि देश में सात हाई स्पीड रेल कॉरिडोर बनाए जाएंगे। इसमें मुंबई पुणे, पुणे हैदराबाद, हैदराबाद बंगलूरू, हैदराबाद चेन्नई, चेन्नई बंगलूरू, दिल्ली वाराणसी और वाराणसी सिलीगुड़ी हाई स्पीड रेल कॉरिडोर शामिल है। अपने बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री ने बताया कि पांच वर्ष में 20 नए जल मार्ग शुरू होंगे। वाराणसी और पटना में जहाज मरम्मत सुविधा स्थापित होगी। समुद्री विमान वीजीएफ योजना की शुरुआत होगी।रेशम ऊन और जूट से जुड़े फाइबरों में आत्मनिर्भरता के लिए राष्ट्रीय फाइबर योजना लाई जाएगी। पारंपरिक क्लस्टरों के आधुनिकीकर के लिए वस्त्र विस्तार एवं रोजगार योजना आएगी। बुनकरों और कारीगरों की मदद के लिए राष्ट्रीय हथकरघा और हस्तशिल्प कार्यक्रम लाए जाएंगे।
– वैश्विक रूप से प्रतिस्पर्धी और परिधाओं को बढ़ावा देने के लिए टैक्स-इको पहल।
– वस्त्र कौशल परिवेश के आधुनिकीकरण और उन्नयन के लिए समर्थ 2.0 का एलान।
– मेगा टेक्सटाइल पार्क स्थापित करने का प्रस्ताव।
– महात्मा गांधी ग्राम स्वराज पहल शुरू करने का प्रस्ताव। हथकरघा उद्योग को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रमोट करने की जरूरत। यह प्रशिक्षण कौशल और उत्पादन गुणवत्ता को बेहतर बनाएगा। योजना से एक जिला-एक उत्पाद पहल और ग्रामीण युवाओं को लाभ मिलेगा।
मजबूत कैपिटल गुड्स: हाईटेक टूल रूम बनाए जाएंगे। उपकरणों के देश में विनिर्माण पर जोर दिया जाएगा। मल्टीस्टोरी लिफ्ट और मल्टीप्लेक्स में फायर फाइटिंग उपकरणों जैसे उत्पादन में मदद मिलेंगे। कंटेनर विनिर्माण पर भी जोर दिया जाएगा और इस पर पांच साल में 10 हजार करोड़ रुपये खर्च होंगे।
टेक्सटाइल: राष्ट्रीय फाइबर योजना के तहत रेशम और जूट पर जोर दिया जाएगा। साथ ही रोजगार बढ़ाने के प्रयास होंगे। हैंडलूम मिशन के जरिए भी प्रोत्साहन दिया जाएगा। समर्थ-2.0 के जरिए इस क्षेत्र को बढ़ावा दिया जाएगा। मेगा टेक्सटाइल पार्क स्थापित किए जाएंगे। महात्मा गांधी ग्राम स्वराज पहल शुरू होगी। इसके जरिए खादी, हैंडलूम और हैंडीक्राफ्ट पर जोर दिया जाएगा। इससे गांवों, एक जिला-एक उत्पादन और ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले युवाओं को बढ़ावा मिलेगा। स्पोट्स गुड के विनिर्माण, नवाचार और शोध पर जोर दिया जाएगा। 200 लीगेसी क्लस्टर पर ध्यान दिया जाएगा।
चैम्पियन एमएसएमई: सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों को 10 हजार करोड़ की विकास निधि का प्रस्ताव रहेगा। आत्मनिर्भर भारत निधि में दो हजार करोड़ रुपये के टॉप-अप का प्रस्ताव रहेगा। तरलता बढ़ाने के लिए लेनदेन निपटान प्लेटफॉर्म बनेगा। क्रेडिट गारंटी सपोर्ट दिया जाएगा।
कॉर्पोरेट मित्र: टियर-टू और टियर-3 कस्बों में कॉर्पोरेट मित्र बनाए जाएंगे। इससे पेशेवर संस्थानों को सुविधा मिलेगी। पांच लाख से ज्यादा आबादी वाले टियर-टू और टियर-3 में विकास पर ध्यान दिया जाएगा। आंशिक लोन गारंटी के लिए इन्फ्रास्ट्रक्चर जोखिम गारंटी निधि स्थापित होगी।वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने संबोधन में कहा- रिफॉर्म के लिए सरकार ने कई कदम उठाए हैं। प्रधानमंत्री ने 2025 के स्वतंत्रता दिवस पर घोषणा की थी। इसके बाद कई सुधार लाए गए हैं। उच्च स्तरीय समितियां गठित की गई हैं। केंद्र सरकार राज्य सरकारों के साथ काम कर रही हैं ताकि सुधार लाए जा सकें। रिफॉर्म एक्सप्रेस अपने गंतव्य की ओर बढ़ रही है। पहले कर्तव्य के तहत छह क्षेत्रों में कदम उठाए जाएंगे। जैसे- सात क्षेत्रों पर फोकस होगा। चैम्पियन एमएसमएई पर ध्यान दिया जाएंगे। शहरी क्षेत्रों में आर्थिक ढांचा मजबूत होगा।सेमी कंडक्टर मिशन: इसमें उद्योग आधारित प्रशिक्षण केंद्रों पर ध्यान दिय जाएगा। इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट मैन्यूफैक्चरिंग स्कीम के तहत लक्ष्य से दोगुना हासिल किया जा चुका है। इसमें 40 हजार करोड़ रुपये के खर्च का प्रस्ताव रखा जा रहा है।रेयर अर्थ: ओडिशा, केरल, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में रेयर अर्थ कॉरिडोर बनेंगे ताकि वहां पर खनन और शोध हो सके। इससे आयात निर्भरता घटेगी। पीएम मोदी के नवोन्मेषी विचार विशेष युवा शक्ति संचालित बजट का आधार बना है। सरकार का संकल्प गरीब, शोषित और वंचितों पर ध्यान देना है। कर्तव्य भवन में तैयार होने वाला यह पहला बजट है।हमारा पहला कर्तव्य आर्थिक विकास को तेज और सतत बनाए रखना है।हमारा दूसरा कर्तव्य अपने लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करना और क्षमताओं का निर्माण विकसित करना है।
हर जिले में गर्ल हॉस्टल की सौगात
विकसित भारत के लिए बैंकिंग पर उच्च स्तरीय समिति के गठन का प्रस्ताव विद्युत वित्त निगम और ग्रामीण विद्युतीकरण निगम के पुनर्गठन का प्रस्ताव विदेशी मुद्रा प्रबंधन नियमावली की होगी व्यापक समीक्षा कॉरपोरेट बॉन्ड्स पर पूर्ण रिटर्न स्वैप शुरू करने का प्रस्ताव बड़े शहरों में अधिक मूल्य के म्युनिसिपल बॉन्ड को बढ़ावा देने पर जोर।
ग्रामीण विकास और खेल उद्योग
– महात्मा गांधी ग्राम स्वराज योजना का प्रस्ताव।
– एक जिला-एक उत्पाद को बढ़ावा, ग्रामीण युवाओं को फायदा।
– भारत के सस्ते खेल सामान के वैश्विक केंद्र के रूप में उभरने की
संभावना।
इंफ्रास्ट्रक्चर पर रिकॉर्ड खर्च
– 2026-27 में पूंजीगत खर्च 12.2 लाख करोड़ रुपये।
– टियर-2 और टियर-3 शहरों में इंफ्रा मजबूती पर जोर।
– 5 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों में इंफ्रा विकास जारी।
– आंशिक लोन गारंटी के लिए इंफ्रा रिस्क गारंटी फंड।
– समर्पित क्रश्वढ्ढञ्जह्य से रियल एस्टेट परिसंपत्तियों की रीसाइक्लिंग।
रेल, जलमार्ग और ग्रीन ट्रांसपोर्ट
-7 हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर शहरों के बीच विकास सेतु बनेंगे।
– दिल्ली-वाराणसी और वाराणसी-सिलीगुड़ी हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर।
– अगले 5 वर्षों में 20 नए राष्ट्रीय जलमार्ग।
– बनारस और पटना में जहाज मरम्मत सुविधाएं।
– समुद्री विमान ङ्कत्रस्न योजना की शुरुआत।
पढ़ाई, नौकरी से लेकर बिजनेस तक, उच्च स्तरीय स्थायी समिति के गठन का प्रस्ताव
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, मैं शिक्षा से रोजगार और उद्यम के क्षेत्र में एक उच्चस्तरीय स्थायी समिति गठित करने का प्रस्ताव रखती हूं, जो विकसित भारत के मुख्य चालक के रूप में सेवा क्षेत्र पर केंद्रित उपायों की सिफारिश करेगी। इससे हम 2047 तक सेवाओं में 10 प्रतिशत वैश्विक हिस्सेदारी के साथ वैश्विक नेता बन सकेंगे।
अपग्रेड होंगे जिला अस्पताल, ट्रॉमा सेंटर में बढ़ाई जाएंगी सुविधाएं
वित्त मंत्री ने हेल्थकेयर सेक्टर को लेकर एक बड़ी घोषणा की है। उन्होंने कहा कि देशवासियों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने के लिए जिला अस्पतालों का अपग्रेड किया जाएगा और ट्रॉमा सेंटर की संख्या बढ़ेगी।
छोटे शहरों में विकसित होंगे कॉर्पोरेट मित्रों कैडर
वित्त मंत्री सीतारमण ने कहा कि सरकार टियर 2 और टियर 3 के शहरों में लघु एवं मध्यम उद्यमों की सहायता के लिए कॉर्पोरेट मित्रों का कैडर विकसित करेगी।
विदेशों में मौजूद संपत्ति के लिए 6 महीने लिए डिस्क्लोजर स्कीम
इंटरनेशनल टूर पर टीसीएस 5 प्रति. और 20 प्र. से घटाकर 2 प्र. किया गया। विदेशों में मौजूद संपत्ति के लिए छह महीने लिए डिस्क्लोजर स्कीम
इनकम टैक्स के फॉर्म को आसान बनाया जाएगा
-1 अप्रैल से इनकम टैक्स का नया फॉर्म आएगा।
– विदेश यात्रा पर टीडीएस 2 फीसदी होगा।

