रायपुर जिले में चिन्हित ब्लैक स्पॉट क्षेत्रों का भौतिक निरीक्षण एवं सख्त प्रवर्तन (Enforcement) कार्रवाई जारी
रायपुर।
माननीय उच्च न्यायालय, बिलासपुर द्वारा रिट याचिका में पारित आदेश के निर्देशों के अनुपालन में परिवहन आयुक्त कार्यालय के मार्गदर्शन और परिवहन उड़नदस्ता रायपुर की टीम द्वारा रायपुर जिले के विभिन्न चिन्हित ब्लैक स्पॉट क्षेत्रों में सपन जाँच, जन-जागरूकता एवं प्रवर्तन (Enforcement) कार्रवाई की गई है। माननीय न्यायालय द्वारा नियुक्त कोर्ट कमिश्नर द्वारा पूर्व में किए गए भौतिक निरीक्षण के दौरान टाटीबंध, भाटागांव, बेमता से भूमिया, सिलतरा ओवरब्रिज से निको कम्पनी गेट, तथा पारागांव से निस्दा मोड़ जैसे क्षेत्रों में कई कमियों और दुर्घटनाओं के कारणों की पहचान की गई थी।माननीय न्यायालय के आदेश के परिपालन में उड़नदस्ता टीम ने टाटीबंध क्षेत्र का निरीक्षण किया, जो कि घुमावदार चौक होने के कारण वाहन चालकों द्वारा रॉन्ग साइड ड्राइविंग की अधिक प्रवृत्ति वाला क्षेत्र पाया गया टीम ने ऐसे वाहन चालकों के विरुद्ध चालानी कार्रवाई की तथा भविष्य में ऐसा न करने की सख्त समझाइश दी। इसी प्रकार भाटागांव एवं सिलतरा ओवरब्रिज से निको कंपनी गेट मार्ग पर भी रॉन्ग साइड ड्राइविंग करने वालों पर शिकंजा कसते हुए टीम ने मौके पर नियम उल्लंघन करने वाले चालकों पर कार्रवाई की और सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने का निर्देश दिया
।
ग्राम बेमता से भूमिया मार्ग पर मुख्य मार्ग (रायपुर से बिलासपुर) की अत्यधिक आवाजाही के बीच स्थानीय नागरिकों द्वारा सुविधा के लिए डिवाइडर को काटकर अवैध रूप से रास्ता बना लिया गया है। जिससे विशेषकर दोपहिया वाहन चालकों के लिए गंभीर दुर्घटनाओं की संभावना है। टीम ने ऐसे चालकों पर चालानी कार्रवाई करने के साथ-साथ डिवाइडर के कटे रास्तों का उपयोग न करने की हिदायत दी, साथ ही भविष्य में ऐसे रास्तों का उपयोग रोकने हेतु संबंधित मार्ग पर लोहे की जाली लगाई जा रही है और ग्रामीणों को जागरूक किया गया। इसके अतिरिक्त, पारागांव से निस्दा मोड़ के अत्यंत घुमावदार रास्ते के मध्य स्थित डिवाइडर को काटकर रास्ता बनाए जाने के संवेदनशील मामलों को देखते हुए स्कूली बच्चों, आम नागरिकों और वाहन बालकों को सडक सुरक्षा के प्रति जागरूक किया गया तथा मुख्य मार्ग का सुरक्षित उपयोग करने की समझाइश दी गई।साथ ही निरंतर जींच अभियान के दौरान रॉन्ग साइड ड्राइविंग एवं अनधिकृत पार्किंग के मामलों में कुल 15 वाहनों पर 31200/-रू. का चालानी कार्रवाई किया गया। परिवहन विभाग द्वारा माननीय उच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप सड़क सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए इस प्रकार की नियमित और सख्त प्रवर्तन कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।

