सरकार की चेतावनी: वैक्सीन सर्टिफिकेट सोशल मीडिया पर शेयर करना पड़ सकता है महंगा
नई दिल्ली। भारत में कोरोना को खत्म करने के लिए वैक्सीनेशनेशन ड्राइव चल रहा है। इस समय देश में 18 वर्ष से अधिक उम्र वाले सभी लोगों को वैक्सीन लगाई जा रही है। जिस वजह से वैक्सीनेशन को बुक कराने में लोगों को दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। COVID-19 वैक्सीनेशन के लिए स्लॉट मिलना इस समय लोगों के लिए ख़ुशी की बात हो गई है। COVID-19 वैक्सीनेशन के बाद सरकार सभी के लिए एक वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट जारी कर रही है जिसको लोग सोशल मीडिया पर शेयर कर रहे हैं। इसी को लेकर अब सरकार ने चेतावनी जारी की है।
गृह मंत्रालय ने साइबर दोस्त अकाउंट से ट्विटर कर एक पोस्ट किया है। सरकार ने ट्वीट कर कहा है कि कोविड-19 वैक्सीन सर्टिफिकेट को ऑनलाइन शेयर न करें। क्योंकि वैक्सीन सर्टिफिकेट में आपका नाम और अन्य निजी जानकारी होती है। इन जानकारियों का इस्तेमाल जालसाजी के लिए किया जा सकता है। ऐसे में आपको इससे सावधान रहना चाहिए।
Cyber Dost एक ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट है। यह भारत सरकार के गृह मंत्रालय द्वारा बनाया गया एक सेफ्टी और साइबर सिक्योरिटी जागरूकता साधन है।
Beware of sharing #vaccination certificate on social media: pic.twitter.com/Tt9vJZj2YK
— CyberDost I4C (@Cyberdost) May 25, 2021
हर डोज के बाद सरकार एक सर्टिफिकेट जारी करती है, जिसमें आपकी पर्सनल जानकारी होती है। वैक्सीन का यह सर्टिफिकेट भविष्य में इंटरनेशनल ट्रैवल समेत कई चीजों के लिए जरूरी हो सकता है। COVID-19 वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट को आप आरोग्य सेतु ऐप या कोविन वेबसाइड से डाउनलोड कर सकते हैं।
