#Future of Jobs Report 2020: 2025 तक लाखों का छिनेगा रोजगार, इंसानों की जगह मशीनों को फिट करने की योजना
नई दिल्ली। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की बात करें या फिर कंप्यूटर और इंटरनेट की दुनिया से जुड़ी कोई बात, हर जगह इंसानों की जरूरत कम होती जा रही है जबकि मशीनों की लगातार बढ़ती दिख रही है। एक ओर जहां यही मशीन हमारा काम आसान कर रहे हैं वहीं काफी हद तक ये हमें जॉबलेस भी कर रहे हैं। एक नए अध्ययन के मुताबिक भविष्य में नई-नई तकनीकों की मदद से जैसे-जैसे देश व दुनिया का विकास होता जाएगा, वैसे-वैसे इंसानों की नौकरियां भी खतरे में पड़ती जाएंगी। वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (Wef) या विश्व आर्थिक मंच की एक रिपोर्ट में यह खुलासा हुआ है।
https://twitter.com/CICAUPDATE/status/1318714821341290497?s=20
रिपोर्ट में बताया गया है कि आने वाले वर्षों में 8.7 करोड़ लोगों की नौकरियां खतरे में पड़ सकती हैं। ‘फ्यूचर ऑफ जॉब्स रिपोर्ट 2020′(Future of Jobs Report 2020) में हालांकि यह बात सामने आई है कि 9.7 करोड़ कई नई ऐसी भूमिकाओं का भी विकास होगा, जो मानव, मशीनें और नई प्रक्रियाओं के बीच सामंजस्य लाने में मददगार साबित होगा।
रिपोर्ट के मुताबिक, “हालांकि आने वाले समय में जिन नई नौकरियों का विकास होगा, वे खत्म हो रही नौकरियों पर हावी रहेंगी, ठीक बीते वर्षों के विपरीत, जहां नौकरियों का निर्माण धीमा रहा, जबकि नौकरियों के खत्म होने के आंकड़ों में तेजी देखी गई।”
Some key highlights from the latest iteration of The Future of Jobs Report 2020. Good reference for policy makers in the talent development ecosystem. 🙏@raishussin @SharaadKuttan @MOHEOfficial @DatukSaravanan pic.twitter.com/qHAv6LjmXI
— Mikaimran@اتمران (@Mikaimran6) October 22, 2020
रिपोर्ट में कहा गया कि नियोक्ताओं को इस बात की उम्मीद है कि साल 2025 तक कार्यबल में 15.4 फीसदी से लेकर 9 फीसदी तक की गिरावट आएगी। साथ ही नए कामों में भी 7.8 फीसदी से लेकर 13.5 फीसदी तक की बढ़ोतरी देखने को मिलेगी।
इसमें आगे बताया गया, “इन आंकड़ों के आधार पर हम अनुमान लगाते हैं कि 2025 तक 8.7 करोड़ नौकरियां इंसानों से मशीनों में विस्थापित होंगी, जबकि 9.7 करोड़ नई भूमिकाओं की शुरुआत होगी, जो कि मशीन, इंसानी कार्यबल और नई प्रक्रियाओं के बीच सामंजस्य स्थापित करता हुआ दिखाई देगा।”
